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WorksheetsHindi revision
Total questions: 50
Worksheet time: 25mins
कठपुतली कविता के रचयिता हैं
मैथलीशरण गुप्त
भवानी प्रसाद मिश
सुमित्रानंदन पंत
सुभद्रा कुमारी चौहान
कठपुतली को किस बात का दुख था?
हरदम हँसने का
दूसरों के इशारे पर नाचने का
हरदम खेलने का
हरदम धागा खींचने का
कठपुतली के मन में कौन-सी इच्छा जागी?
मस्ती करने की
खेलने की
आज़ाद होने की
नाचने की
पहली कठपुतली ने दूसरी कठपुतली से क्या कहा?
स्वतंत्र होने के लिए
अपने पैरों पर खड़े होने के लिए
बंधन से मुक्त होने के लिए
उपर्युक्त सभी
कठपुतलियों को किनसे परेशानी थी?
गुस्से से
पाँवों से
धागों से
उपर्युक्त सभी से
कठपुतली ने अपनी इच्छा प्रकट की
हर्षपूर्वक
विनम्रतापूर्वक
क्रोधपूर्वक
व्यथापूर्वक
पाँवों को छोड़ देने का’ का अर्थ है
सहारा देना
स्वतंत्र कर देना
आश्रयहीन कर देना
पैरों से सहारा हटा देना
Chunnu -Munnu ne kya khilone liye the
hati aur godha
gudiya aur gudda
chuha aur billi
none of these
parayvachi of aankh
kamal
netr
kua
pehli kathputli ko apni iccha par shak kyu hua
dusri kathputliyaan uspar has rahi thi
dusri kathputliyaan ko gussa aa gya tha
kyuki pheli kathputli ko bura lag raha tha
none of these
what is the sumrupi bhinaartak of tarang
nadi ki lehere
ghoda
kamal
rohini ne mithaiwale kokab dekha
jab rohini baal sukha rahi thi
jab rohini khana bana rahi thi
both a and b
none of these
rohini ne mithaiwale kokab dekha
jab rohini baal sukha rahi thi
jab rohini khana bana rahi thi
both a and b
none of these
rohini ke pati ka naam kya hai
raam vajpai
bhanu pratap
rai vijaybhadugar
किन परिस्थितियों में पक्षी नहीं गा पाएंगे-
खुले आकाश में घूम रहे होंगे
अगर वे उड़ रहे होंगे
अपने घोंसले में चहचहा रहे होंगे
पिंजरे में बंद रहेंगे
कनक- तीलियों से टकराकर पक्षियों की क्या हालत होगी
पुलकित पंख टूट जाएंगे
नए पंख मिलेंगे
उन्हें नया जीवन मिलेगा
उनका मालिक उन्हें पुरस्कार देगा
कनक कटोरी की मैदा से अधिक भला पक्षियों को क्या लगता है-
पिज़्ज़ा बर्गर
कटुक निबौरी
दाल बाटी चूरमा
पानी पूरी
पक्षी किस जंजीर में बंध गए हैं
धागे की जंजीर में
सोने की जंजीर में
प्रेम की जंजीर में
चांदी की जंजीर में
पक्षी कहाँ झूला झूलने का सपना देख रहे हैं
पेड़ों के फलों पर
पेड़ में खिले फूलों पर
पेड़ों के फलों पर
पेड़ की फुनगी पर
पेड़ों की जड़ों पर
1– हम पंछी उन्मुक्त गगन के इस कविता के कवि कौन हैं?
क- रामधारी सिंह दिनकर
ख- शिवमंगल सिंह सुमन
ग- रहीम
घ- मीराबाई
3- सोने के पिंजरे की सलाखों से टकरा-टकराकर क्या होगा?
क- पिंजरा टूट जाएगा।
ख- पक्षी बाहर निकाल जाएंगे।
ग- उनके कोमल पंख टूट जाएंगे।
घ- वे मन की सारी इच्छाइए पूरी कर लेंगे ।
4-कवि पक्षियों के माध्यम से मनुष्य की किस भावना को दर्शना चाहता है?
क- परतंत्रता में सभी सुविधाएं पाने की।
ख- ऊंचाइयों को छूने की।
ग- सदा स्वतंत्रता का जीवन जीने की।
घ- किसी के बंधन में रहने की।
फुनगी का अर्थ है-
लंबी कहानी
पेड़ की सबसे ऊँची चोटी का सिरा
लाल फूल
पक्षियों को किस प्रकार खुशी प्रदान की जा सकती है ?
उन्हें उनकी मनचाही ऊँचाई तक उड़ान भरने में बाधा न डालकर
उनके बंधन खोलकर
उनके मन की बातें सुनकर
हम पंछी उन्मुक्त _____ के।
धूप
गगन
हवा
जल
कोई भी नहीं
कनक का अर्थ क्या है।
स्वर्ण
स्वतंत्र
बेचैन
तारे
उन्मुक्त का अर्थ क्या है?
स्वतंत्र
कनक
स्वर्ण
पुलकित
तारे
पिंजरे के पक्षी को वृक्ष की टहनी पर झूलने का स्वप्न क्यों आता है?
क्योंकि वह बहुत थक जाते हैं
क्योंकि वह सो जाते हैं
क्योंकि वह पिंजरे में बंद होते हैं
लाल किरण सी चोंच खोल
चुगते _______-_______ के दाने।
तारक-अनार
कनक-कटोरी
छिन्न-भिन्न
कनक-तीलियों
पक्षियों के अरमान कौन सी सीमा तक उड़ने के हैं।
इंद्रधनुष की सीमा तक
सफेद बादल की सीमा तक
नील गगन की सीमा तक
पाताल लोक की सीमा तक
वह किसके बंधन में बंधकर अपने उड़ने की गति को भूल गए।
चांदी की श्रंखला
स्वर्ण श्रंखला
तांबे की श्रंखला
किस तरह की तीलियों से पक्षियों के टकराकर टूट जाएंगे।
सोने
चांदी
तांबे
हीरे
कोटक का अर्थ क्या है ?
नमकीन
कड़वाहट
कड़वी
खट्टा
इस कविता में किस जीव के दर्द की बात हो रही है?
मगरमच्छ
मछली
इंसान
पक्षी
कोटक का अर्थ क्या है ?
नमकीन
कड़वाहट
कड़वी
खट्टा
किन परिस्थितियों में पक्षी नहीं गा पाएंगे-
खुले आकाश में घूम रहे होंगे
अगर वे उड़ रहे होंगे
अपने घोंसले में चहचहा रहे होंगे
पिंजरे में बंद रहेंगे
कनक- तीलियों से टकराकर पक्षियों की क्या हालत होगी
पुलकित पंख टूट जाएंगे
नए पंख मिलेंगे
उन्हें नया जीवन मिलेगा
उनका मालिक उन्हें पुरस्कार देगा
कनक कटोरी की मैदा से अधिक भला पक्षियों को क्या लगता है-
पिज़्ज़ा बर्गर
कटुक निबौरी
दाल बाटी चूरमा
पानी पूरी
पक्षी किस जंजीर में बंध गए हैं
धागे की जंजीर में
सोने की जंजीर में
प्रेम की जंजीर में
चांदी की जंजीर में
पक्षी कहाँ झूला झूलने का सपना देख रहे हैं
पेड़ों के फलों पर
पेड़ में खिले फूलों पर
पेड़ों के फलों पर
पेड़ की फुनगी पर
पेड़ों की जड़ों पर
1– हम पंछी उन्मुक्त गगन के इस कविता के कवि कौन हैं?
क- रामधारी सिंह दिनकर
ख- शिवमंगल सिंह सुमन
ग- रहीम
घ- मीराबाई
3- सोने के पिंजरे की सलाखों से टकरा-टकराकर क्या होगा?
क- पिंजरा टूट जाएगा।
ख- पक्षी बाहर निकाल जाएंगे।
ग- उनके कोमल पंख टूट जाएंगे।
घ- वे मन की सारी इच्छाइए पूरी कर लेंगे ।
4-कवि पक्षियों के माध्यम से मनुष्य की किस भावना को दर्शना चाहता है?
क- परतंत्रता में सभी सुविधाएं पाने की।
ख- ऊंचाइयों को छूने की।
ग- सदा स्वतंत्रता का जीवन जीने की।
घ- किसी के बंधन में रहने की।
कविता किस बारे में है ?
बच्चों की आजादी के लिए
पक्षी की स्वतंत्रता के लिए
चीन की आजादी के लिए
वयस्कों की स्वतंत्रता के लिए
इस कविता का कवि कौन है
अमिताभ बच्चन
अब्दुल्ला खान
शिवमंगलम सिंह (सुमन)
डॉ कुमार विश्वास
किस चीज से टकराने से पंछियों के पंख टूट जाएंगे
पेड़
पेड़ॊं
कनक तीलियां
पतंग
पक्षी क्या चाहते हैं?
आजादी
अंग्रेजों पर राज करना
पिंजरों को तोड़ना
जमीन पर रहना चाहते थे
पंछी कहाँ उड़ना चाहते थे
पानी में
नील गगन में
शहर में
नील गगन मेंनील गगन की सीमा पर
कनक- तीलियों से टकराकर पक्षियों की क्या हालत होगी
पुलकित पंख टूट जाएंगे
नए पंख मिलेंगे
उन्हें नया जीवन मिलेगा
उनका मालिक उन्हें पुरस्कार देगा
कनक कटोरी की मैदा से अधिक भला पक्षियों को क्या लगता है-
पिज़्ज़ा बर्गर
कटुक निबौरी
दाल बाटी चूरमा
पानी पूरी
