WorksheetsUP APO Law Test Series 12
Total questions: 100
Worksheet time: 50mins
A , B और उसके बच्चे को जंगल में मिलता है , A, बच्चे को पकड़ता है और उसे जान से मार देने की धमकी देता है । बसरते कि B, अपना बटुआ A, को सौप दें और B , अपना बटुआ सौंप देता है । A, ने करित किया है
उद्यापन
चोरी
लूट
डकैती
A , ने। राष्ट्रीय राजमार्ग पर रात्रि 10 बजे से 11 बजे के मध्य लूट करित की । A, को अधिकतम कितनी अवधि के लिए कारावास से दंडित किया जाएगा
10 वर्ष
14 वर्ष
7 वर्ष
इनमे से कोई नही
पैरा 136 इन्वेस्टिगेशन अधिकारी से निम्न में से किस मामले में आवश्यक कदम उठाने चाहिए?
विष देने के संदिग्ध मामले में
फांसी लगा देने या गला घोंट देने के मामले में
Aise मामले जिनमे शव कुएं या तालाब में पाया गया
उपरोक्त में से कोई नही
शव परीक्षा के संबंध में अपनाई जाने वाम प्रक्रिया का प्रावधान निम्न में से किस पैरा के अंतर्गत किया गया है
पैरा 134 से 135
पैरा 133 से 134
पैरा 234 से 235
उपरोक्त में से कोई नहीं
उतर प्रदेश पुलिस विनियम का चैप्टर 12 संबंधित है
मृत्यु समीक्षा से
अत्यंत परिक्षण से
घायलों के उपचार से
उपरोक्त सभी से
उत्तर प्रदेश पुलिस विनियम के अंतर्गत पंचनामा से अभिप्राय है
पुलिस रिपोर्ट
मृत्यु समीक्षा रिपोर्ट
पोस्ट मार्टम रिपोर्ट
सभी
धारा 40 सीआरपीसी के अंतर्गत ग्राम चौकीदार अचानक या अनैसर्गिक या ग्राम या उसके निकट शव संदिग्ध परिस्थितियों में हुए मृत्यु या उसके किसी भाग का रिपोर्ट करता है ,ऐसी रिपोर्ट प्राप्त होने पर पुलिस अधिकारी की धारा 174 CrPC के अंतर्गत तुरंत कार्यवाही उत्तर प्रदेश पुलिस अधिनियम में उपबंध है
पैरा 130
पैरा 134
पैरा 129
पैरा 135
B, की हत्या करित करने के लिए " A, का विचारण किया जाता है । यह तथ्य कि उस स्थान पर जहां हत्या की गई थी या उसके समीप भूमि पर गुत्थम गुत्था से बने चिन्ह किस आधार पर सुसंगत तथ्य है ?
एक ही संव्यवहार के भाग होने वाले तथ्य
सुसंगत तथ्यों के स्पस्टीकरण या पुन: स्थापन के लिए आवश्यक तथ्य
मन या शरीर की दशा या शारीरिक संवेदना का अस्तित्व दर्शित करने वाले तथ्य
तथ्य जो विवाधक के प्रसंग ,कारण या परिणाम है
एक नियम यह है कि " सुना सुनाया साक्ष्य ग्राहय नही होता " A, न्यायलय में कथन करता है कि "उसने बम को फटते हुए सुना ,, जिससे व्यक्तिओं की मृत्यु हुए " A का कथन :--
ग्राहय है
ग्राहय नही है
विसंगत है
सुसंगत नहीं है
इंडियन एविडेंस एक्ट की अधोलीखित धाराओं में से किसमें ,res gestae के सिद्धांत बताया गया है
5
6
7
कोई नही
A , ने B को मृत्यु कारित करने के आशय से सोटा से उसे मारा और इसके लिए A का परीक्षण होता है
A, ने परिक्षण के समय निम्न में से कौन विवाधक तथ्य नहीं है
A, का B , को सोटा से मारना
A, का ऐसी मार से B, की मृत्यु करीत करने के आशय
A, का B की मृत्यु कारित करने का आशय
सोटा का एक्स या बाई , दुकान से बनना
भारतीय साक्ष्य अधिनियम अट्ठारह सौ बहत्तर लागू होता है
प्रशासनिक अधिकरण के कार्यवाही पर
मध्यस्थम की कार्यवाही पर
अवमानना की कार्यवाही पर
इनमे से कोई नही
" आमेनिया प्रसुमनतर राइट इज एक्टा सूक्ति का अर्थ है
सभी तथ्यों का उचित अवधारित किया जाना
सभी तथ्यों का उचित अवधारित नही किया जाना
सभी कार्यों को गलत माने जाना
सभी कार्यों को गलत ने माने जाना
इलेक्ट्रॉनिक अभिलेखों से संबंधित साक्ष्य के बारे में विशेष प्रावधान कब जोड़े गए हैं
2005 में
2003
2002
2000
भारतीय साक्ष्य अधिनियम के किस धारा में दहेज मृत्यु के बारे में अवधारणा दी गई है
111 A
113 A
113 B
113
निम्न में से किस मामले में अपराध न किए जाने के सबूत का भार अभियुक्त पर होता है ना कि अभियोजन पर??
भारतीय साक्ष्य अधिनियम की धारा 111 और 113 में
यह साक्ष्य अधिनियम की धारा 111 , 113a , 113b तथा 114 A में
भारतीय साक्ष्य अधिनियम की धारा 112 A , 112 व धारा 113 बी में
IEA धारा 111 A व धारा 113 A में
भारतीय साक्ष्य अधिनियम की धारा 107 किस संबंध में उप धारणा का प्रावधान करती है
जीवन
मृत्यु
दीर्घायु
धर्मजतव
भारतीय साक्ष्य अधिनियम के अंतर्गत निम्न में से कौन सा सार्वजनिक दस्तावेज नहीं है
न्यायालय का निर्णय
गिरफ्तारी
वशियत
शपथ पत्र
A , ने B को C के घर से चोरी करने के लिए जा रहा था । B ने मौका देखकर जब C बस से जा रहा था तो उसकी जेब काट ली गई । A , जेब काटने के दुष्प्रेरण का उतरदाई नही है
A , दुष्प्रेरण ke liye दोषी है
A, दुष्प्रेरण ke प्रयत्न के लिए दोषी है
A, दुष्प्रेरण ka दोषी नही है
सभी
ए , अपना मकान एक पुलिस अधिकारी ( B ) को जो किसी मामले का इन्वेस्टिगेशन कर रहा है को किराए पर इस ज्ञान के साथ देता है कि मकान का उपयोग ए, चोर को यातना पहुंचाने के लिए किया जाएगा । ख को यातना पहुंचाई भी गई ऐसे मामले में ए दुष्प्रेरण का दोषी है
A, दुष्प्रेरण के लिए दोषी है
A, दुष्प्रेरण के प्रयत्न के लिए दोषी है
A , हत्या के प्रयत्न का दोषी है
कोई नही
IEA , के किस धारा में। मुख्य परीक्षा से सम्बन्धित प्रावधान दिया गया है
138
137
136
135
IEA , के किस धारा में न्यायधीश साक्ष्य की ग्रह्यता का निर्णय करता है
132
136 section
138
140
IEA section 133 किस बारे में प्रावधान करती हैं
साक्ष्य का स्वीकार किया जाना
साक्ष्य का नकार किया जाना
गूंगे बहरे व्यक्ति का साक्ष्य
सह अपराधी का साक्ष्य
एक साक्षी को अभियुक्त के रूप में परिवर्तित नहीं किया जा सकता है यद्यपि उस से अपराध के संदर्भ में प्रश्न पूछे जा सके हैं यह विशेषाधिकार उसे भारतीय साक्ष्य अधिनियम की कौन सी धारा से प्राप्त है
148
163
131
132
न्यायालय उचित निष्कर्ष पर पहुंचने तथा सुसंगत तथ्यों का उचित सबूत प्राप्त करने के लिए किसी भी साक्षी से किसी रूप से किसी भी समय कोई भी प्रश्न पूछ सकता है भारतीय साक्ष्य अधिनियम में के किस धारा में न्यायालय को यह शक्ति प्रदान की गई है
135 से 136
165
148
137
भारतीय साक्ष्य अधिनियम की धारा के अंतर्गत एक न्यायाधीश वाद के पक्ष कार्य गवाह से सुसंगत या असंगत प्रश्न पूछने के लिए अधिकृत है
164
165
166
कोई नही
मृत्यु का प्रत्याशा में एक व्यक्ति , जो बाद में जीवित रहता है ,द्वारा पुलिस की दिया गया कथन , होगा ।
धारा 32 के अंतर्गत ग्राहय
157 के अंतर्गत ग्राहय
अग्राह्य
144 के अंतर्गत ग्राहय
IEA में कौन सी धारा " पक्ष द्रोही साक्षी " का बात करता है
134
154
155
157
अभियोजन पक्ष को अपनी साक्षी से सूचक प्रश्न पूछने की अनुमति कब दी जा सकती है
मुख्य परीक्षा में
जब साक्षी को पक्ष द्रोही घोषित किया जाए
पुनः परिक्षण में
किसी भी परिस्थिति में नहीं
लेखवध विषयों के बारे में मौखिक साक्ष्य पक्षिय की परीक्षा के दौरान भारतीय साक्ष्य अधिनियम की धारा के अनुसार दिया जा सकेगा
65 ( 1)
114 दिरिष्टांत g एवम H के अनुसार
66 के अनुसार
144 के अनुसार
धारा 122 भारतीय साक्ष्य अधिनियम 1872 में सम्मिलित होते हैं
पक्षों के बीच विवादित स्थिति के दौरान किए गए अपराधिक कार्य
पक्षों के बीच विवादीत स्थिति में परिवारिक सन सूचनाएं
कोई भी संग सूचना जो किसी विषय से संबंधित हो तथा किसी भी प्रकार की हो विवादीत स्थिति में दिया जाना
पक्षों के बीच वाश्ववाशिक व सूचनाएं उनकी विवाहित स्थिति के दौरान
प्रत्येक सुसंगत तथ्य एक ग्राहय तथ्य नहीं होता किंतु प्रत्येक ग्राहय तथ्य एक सुसंगत तथ्य होता है ,IEA किन धाराओं में तथ्य ग्राहय नही है
6 से 55
130 से 131 व 132 में
126 से 129
121 से 129
Kaun sa वाद में Estoppel से संबंधित नहीं है
पलविंदर कौर बनाम पंजाब राज्य
पिकार्ड बनाम सियर्श
श्री कृष्ण बनाम कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय
सरत चंद्र डे बनाम गोपाल चंद्र लाह
A एक पत्र B को C की हत्या करने के लिए उकसाते हुए लिखता है , परंतु यह पत्र उसके पास तक पहुंचता ही नहीं है
A , दुष्प्रेरण ke liye दोषी है
A , दुष्प्रेरण ke प्रयत्न के लिए दोषी है
A , हत्या का दोषी है
कोई नहीं
C , B, और C को बसे हुए घर में अर्धरात्रि में लूट के प्रयोजन से भेदन करने के लिए A को उकसाता है , और उनको उस प्रयोजन से भेदन करने के लिए A उकसाता है और उनको उस प्रयोजन के लिए आयुध देता है । B और C वह गृह भेदन करते है । और Y द्वारा जो निवासियों में से एक है , प्रतिरोध किए जाने पर , Y की हत्या कर देता है । यहां वह हत्या उस दुष्प्रेरण का अधि संभाव्य परिणाम थी , तो
A , Y की हत्या के लिए दोषी है
A हत्या का दोषी नही है
B , C दोषी नहीं है
इनमे से कोई नही
B , A को एक निवास गृह में आग लगाने के लिए उकसा ता है बी, अपनी चित्र विकृति के परिणाम स्वरूप एके उकसाने के परिणाम स्वरूप उस गृह में आग लगा देता है बी, ने कोई अपराध नहीं किया किंतु A, एक निवास गृह में आग लगाने के अपराध के दुष्प्रेरण का दोषी है और उस अपराध के लिए उप बंधित दंड से दंडित नियम है
B, निर्दोष है
A , दुष्प्रेरण का दोषी है
A , निर्दोष है
A aur B दोनो सही है
A एक एक का अध्यापक अनुशासन लागू करने के लिए एक विद्यार्थी जिसकी आयु लगभग 11 वर्ष है को मामूली सजा देता है ए बचाव के लिए किस धारा को ले सकता है
88
89
87
90
A , अपने मकान में रात्रि में घुसता है जिस में घुसने का वह विधिक अधिकारी है B सद्भाव में A, को गृह भेदक समझकर ए पर आक्रमण करता है ए अपनी प्रतिरक्षा में B, पर आक्रमण करता है और उपहती कारित करता है यहां पर A , को B के विरुद्ध शरीर की व्यक्तिगत निजी प्रतिरक्षा का अधिकार प्राप्त है यद्धपि , कि B , ने तथ्य की भूल के अंतर्गत कार्य किया है और इस प्रकार
B तथ्य की भूल का दोषी है
A अपनी प्रतिरक्षा का अधिकारी है
A ने कोई अपराध नही किया है
A, B , C तीनो सही है
भारतीय दंड संहिता में प्रमुख प्रकरणों में से किसमें न्यायाधिपती विलियम बोस ने सदोष मानव वध तथा हत्या में विभेद उल्लेखित किया है
विरसा सिंह बनाम पंजाब राज्य
शिवाजी साबराव बोबड़े बनाम महाराष्ट्र राज्य
रूदल साह बनाम बिहार राज्य
कोई नहीं
आईपीसी धाराओं में से किसमें मृत्युदंड तक का दंड आदेश बलात संघ के अपराध के संदर्भ में दिया जा सकता है
376 D
376 C
376 B
376 A
आईपीसी मैं जब किसी कार्य का दुष्प्रेरण किया जाता है और एक भिन्न कार्य किया जाता है वहां तो उस दुष्प्रेरक निम्न कार्य का उत्तरदाई होगा
370 ( 2) ,( G)
376 B
376 C
111
भारतीय दंड संहिता की धारा के अंतर्गत किसी पुरुष द्वारा महिला का पीछा करना दंडनीय अपराध है
354 A
354 B
354 C
354 D
भतीजे दंड संहिता में जब किसी कार्य का दुष्प्रेरण किया जाता है और एक भिन्न कार्य किया जाता है वहां दुष्प्रेरण निम्न कार्य के लिए उत्तरदाई होगा
दुष्प्रेरण
दुष्प्रेरित तथा किए गए
किए गए कार्य के लिए उसी तरीके से और उसी सीमा तक जैसे उनसे उस कार्य को ही सीधे दोष प्रेरित किया था
कोई नही
दंड संहिता में दंड विधि संशोधन अधिनियम 2013 द्वारा किए गए संशोधन पश्चात सामूहिक बलात्कार का अपराध धारा में दंडनीय है
370 ,( 2) (g)
376 B
376 C
376 D
आईपीसी कौन सी धारा दृश्यरतिकता के अपराध से संबंधित है
354 A
354 B
354 C
354 D
किस मामले में यह सिद्धांत प्रतिपादित किया गया कि मृत्युदंड केबल विरले से विरलतम मामले में दिया जाना चाहिए
R बनाम गोविंदा
हुसैन आरा बनाम बिहार राज्य
बच्चन सिंह बनाम पंजाब राज्य
Sunil batra Vs Delhi Administration
डकैती के प्रयास के लिए दंड
393 में
394
395
396
निम्न में से किस निर्णय में बाल साक्षी के साथ अभी लिखित करने के लिए प्रक्रिया संबंधी न्यायालय के कर्तव्यों को प्रतिपादित किया गया
जानकी बासुदेव बनाम एण्डसेंड बैंक लिमिटेड ए आई आर 2005 सुप्रीम कोर्ट 439
रामेश्वर बनाम राजस्थान राज्य AIR 1952
अनिल शर्मा बनाम झारखंड
तहसीलदार सिंह बनाम उतर प्रदेश
IEA , में से निम्न कौन सी धारा प्लेडर की वृतीक संसुचनाएं से संबंधित है
128 मात्र
129 से 130
133 और 134 d
126 व 127
IEA लोक कल्याण की भावना सर्वोच्च विधि है ,, सूत्र सम्बन्धित है
121 से
122
123
124
गलत कथन :---
यदि कोई संविदा कई पत्रों में अंतर बिष्ट है तो वे सभी पत्र जिनमें व अंतर बिष्ट है साबित करने होंगे
यदि कोई संविदा किसी विनिमय पत्र में अंतर बिष्ट है तो वह विनिमय पत्र साबित करना होगा
विनियम पत्र 3 पद में लिखित है तो केवल एक को साबित करना आवश्यक है
यदि ए , बी को उसके द्वारा दिए गए धन की रसीद देता है और संदाय करने का मौखिक साक्ष्य पेश किया जाता है यह साक्ष ग्राहय नहीं है
कितने वर्ष पुराने इलेक्ट्रॉनिक अभिलेख साबित किए माने जाएंगे यदि यह किसी अभिरक्षा से पेश किया जाता है जिसे न्यायालय विशिष्ट मामले में समुचित समझता है
5 वर्ष
3 वर्ष
20 वर्ष
10 वर्ष
भारतीय साक्ष्य अधिनियम में एक व्यक्ति की पूर्व दोष सिद्धि निम्न में से किस धारा के अधीन सुसंगत है
14 के स्पस्टीकरण I
14 के स्पस्टीकरण 2
15
16
A , पर किसी अमुक दिन कोलकाता में हत्या का आरोप है । A का कथन है कि वह उस दिन लाहौर में था । A , का उक्त कथन साक्ष्य अधिनियम की किस धारा में सुसंगत है
8
9
11
14
IEA के अंतर्गत पहचान परेड का तथ्य सुसंगत होता है
6
8
9
11
IEA की धारा 8 किन तथ्यों के संबंध में सुसंगती का नियम प्रतिपादित करती है
हेतु
तैयारी
पूर्व वर्ती या पश्चातवर्ती आचरण
उपर्युक्त सभी
R M मलकानी बनाम महाराष्ट्र राज्य वाद किस्से संबंधित है
एक ही संव्यवहार का भाग होने संबंधी तहत्यों की सुसंगत
दस्तावेजी साक्ष्य
सूचक प्रश्न
सह अपराधी
साक्ष्य विधि है
लेक्स टालीनिश
लेक्स लोसी सोलुशनीस
लेक्स फोरी
लेक्स सिस्टस
IEA section 3 ke अर्थों में यह कथन सही होगा
उपहंशकन दस्तावेज नही है
शिला पर उत्कृण लेख दस्तावेज है
धातु पट उत्कृण लेख दस्तावेज नही है
केवल कागज पर लिखा दस्तावेज है
A , ek पुलिस अधिकारी ,जिसका कर्तव्य लूट को निवारित करना करना है , लूट किए जाने का दुष्प्रेरण करता है इसके लिए A,
दण्डित नहीं किया जाएगा
10 वर्ष का कारावास और जुर्माना से दंडित किया जाएगा
5 वर्ष का कारावास और जुर्माना से दंडित किया जाएगा
10 वर्ष का कारावास से दंडित किया जाएगा
A , C को पीटने के लिए B , को दुष्प्रेरित करता है , तत्पश्चात A , उस स्थान पर स्वयं पहुंच जाता है , जहां B, C, को पीट रहा है ,IPC किस धारा के अधीन A, दोषी है
34
109
114
149
A, B को C का घर जलाने के लिए दुष्प्रेरित करता है , B घर को जला देता है ,तथा उसी समय वहां संपति की चोरी कर लेता है ,। क्या A दोषी है
चोरी के दुष्प्रेरण के लिए
गृह जलाने के दुष्प्रेरण के लिए
चोरी एवम गृह को जलाने के दुष्प्रेरण के लिए
कोई नही
भारत का , A एक विदेशी B, को गोवा में एक हत्या करने के लिए प्रेरित करता है A , हत्या के दुष्प्रेरण का अपराधी है
108 A
110
112 पर
104 पर
A , अपने नौकर से B, की पिटाई करने को कहता है , नौकर ने पिटाई कर दी । A दोषी है
अपराधिक षड्यंत्र का
अपराधिक हमले का
उकसाकर दुष्प्रेरण का
अपराधिक षड्यंत्र हमला साथ ही दुष्प्रेरण का
A एक पुजारी , जानते हुए एक व्यक्ति का दूसरा विवाह संपादित कराता है । A दोषी है
षड्यंत्र
उकसाने के द्वारा दुष्प्रेरण का
दुइविवाह के प्रयत्न का
सयाश सहायता के द्वारा दुष्प्रेरण का
कौन सही है?
1. दुष्प्रेरण एक पृथक एवं मौलिक अधिकार है
2. वह कार्य जिसका दुष्प्रेरण किया गया हो स्वयं भी एक अपराध हो
3. वही अपराध किया जाए जिसका दुष्प्रेरण किया गया था
4. दुष्ट प्रेरक का भी वही दोषपूर्ण आशय या ज्ञान होना चाहिए जो कि करता का है
1,2 और 4
2,3 और 4
1,2, और 3
1,3 और 4
निम्न में से किस निर्णय में पति और पत्नी दोनों को अपराधिक षड्यंत्र का दोषी माना गया है
तेज खान बनाम स्टेट ऑफ एमपी
कुलदीप सिंह बनाम स्टेट ऑफ राजस्थान
दर्शन सिंह बनाम स्टेट
सभी
अपराधिक षड्यंत्र पर निम्नलिखित एक वाद है
स्टेट ऑफ तमिलनाडु बनाम नलिनी
महबूब शाह बनाम एंपरर्स
मिस्टर एक्स बनाम हॉस्पिटल जेड
युक्त में से कोई नहीं
उच्चतम न्यायालय ने निम्न बातों में से किस में कहा गया कि पत्नी अपने पति को संरक्षण देने पर दोष रोपित नहीं की जा सकती है
राज्य बनाम रतन सिंह
State of Tamilnadu banaam Nalini
जय नारायण मिश्रा बनाम स्टेट
सरदारा सिंह बनाम स्टेट
निम्न मामलों में से कौन सा अपराधिक षड्यंत्र से संबंधित है
महबूब शाह बनाम इंपोरोर
किंग बनाम रे
आर बनाम हैमिल्टन
स्टेट बनाम नलिनी
भारतीय दंड संहिता के इस प्रावधान में अपराधिक षड्यंत्र के लिए दंड दिया गया है
120 बी
124
120A
123 A
चिकित्सा अधिकारी द्वारा तैयार की गई अत्यंत परीक्षण रिपोर्ट की मूल प्रति किसे भेजी जाएगी
जनपद मजिस्ट्रेट को
पुलिस अधीक्षक को
मुख्य चिकित्साधिकारी को
समक्ष न्यायालय को
चिकित्सा अधिकारी द्वारा तैयार की गई अत्यंत परीक्षण रिपोर्ट के द्वितीय प्रति किसे दी जाएगी
मृतक के परिजनों को
मृतक के साथ आए पुलिस आरक्षी को
पुलिस अधीक्षक को
मृतक के उत्तराधिकारी को
शव ले जाने हेतु प्रयुक्त खोली का प्रयोग जायल व्यक्ति को ले जाने हेतु कभी नहीं किया जाना चाहिए उत्तर प्रदेश पुलिस विनियम का तदविषयक उपलब्ध है
पैरा 129
140
145
147
मृत्यु समीक्षा तथा अत्यंत परीक्षण संबंधी प्रावधान उत्तर प्रदेश पुलिस विनियम किस पैरा के अंतर्गत दिए गए हैं
126 से 138
129 से 146
125 से 142
229 से 246
उत्तर प्रदेश पुलिस विनियम का कौन सा पहला इन्वेस्टिगेशन अधिकारी से सबूत तथा घायल व्यक्तियों की परीक्षा करने में चिकित्सा अधिकारी की सहायता करने हेतु आवश्यक कदम उठाने का प्रावधान करता है
131
135
136
138
ऐसा मानव शव जिसकी शिनाख्त न हो सकी हो के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कदम उठाना चाहिए
मृतक के अंगुली चिन्ह लेकर उसे फिंगरप्रिंट ब्यूरो के पास भेजना चाहिए
यथाशीघ्र मृतक का अंतिम संस्कार कर देना चाहिए
पुलिस अधीक्षक को सूचना देना चाहिए
पुलिस अधीक्षक तथा जनपद मजिस्ट्रेट दोनों को सूचना देना चाहिए
ऐसे समस्त शव जिनकी परीक्षा अपेक्षित है भेजे जाएंगे
जनपद मुख्यालय पर
पुलिस मुख्यालय पर
परिशिष्ट 5 में वर्णित स्थानों पर
जनपद मुख्यालय या परिशिष्ट 5 में वर्णित स्थानों पर
किसी व्यक्ति की अचानक या दुर्घटना में मृत्यु हो जाने पर या किसी व्यक्ति की हत्या हो जाने पर उसकी मृत्यु के कारण तथा मृत्यु की परिस्थितियों को सुनिश्चित करने की कार्यवाही को क्या कहते हैं
शव परीक्षण
पंचनामा और शव परीक्षण
विशेष इन्वेस्टिगेशन
उपयुक्त सभी
आशंकित विषपान के मामले में निम्नलिखित पदार्थों एवं वस्तुओं में से किसे पैरा 139 में था नीयत ढंग से एकत्रित एवं व्याहत किया जाना चाहिए
विषपान करने वाले व्यक्ति द्वारा ग्रहण किए गए भोजन या पेय पदार्थ
शरीर या बिस्तर पर की गई उल्टी
शव दहन के मामले में चिंता की राख
सभी
उत्तर प्रदेश विनियम का चिकित्सकीय विधिक मामले से संबंधित उपबंध
पैरा 143
143 A
पैरा 144
पैरा 145
संसद सदस्यों और विधान मंडल के सदस्यों के गिरफ्तार करने से संबंधित प्रावधान निम्न में से किस पैरा के अंतर्गत दिए गए हैं
पैरा 145
पैरा 147a
पैरा 148
पैरा 149
पुलिस अधीक्षक को चाहिए कि वह चिकित्साधीकारी के समक्ष अनावश्यक रूप से मामले का प्रेषण रोकने हेतु उचित कदम उठाए उत्तर प्रदेश पुलिस भी नियम का तत विषयक उपबंध है
पैरा 140
पैरा 141
पैरा 142
पैरा 143
किसी व्यक्ति को चिकित्सा अधिकारी द्वारा जांच हेतु भेजते समय पुलिस अधिकारी को ऐसी परीक्षा का उद्देश्य स्पष्ट करना चाहिए उत्तर प्रदेश पुलिस विनियम में या उपबंध है
पैरा 140
141
142
143
उत्तर प्रदेश पुलिस अधिनियम के विलुप्त पैरा है
129 तथा 130
130 तथा 131
131 तथा 132
130 तथा 133
उत्तर प्रदेश पुलिस अधिनियम का कौन सा पहला अत्यंत परीक्षण हेतु भेजे जाने वाले शव की प्रक्रिया का प्रावधान करती है
पैरा 128
142
139
160
निम्न में कौन सा कर्तव्य पुलिस का नहीं है
अपराधों का निवारण करना
अपराधों का इन्वेस्टिगेशन करना
अपराधों की जांच करना
उपयुक्त में से सभी
मृत्यु समीक्षा रिपोर्ट में निम्नलिखित में से किन बातों का उल्लेख किया जाना चाहिए
स्थान जहां मृत्यु समीक्षा हो गई हो
मृत्यु समीक्षा का समय
मृत्यु के कारण से संबंधित राय
उपर्युक्त सभी
उत्तर प्रदेश पुलिस रेगुलेशन का पेरा 175 किससे संबंधित है
व्यावसायिक विष्करण की घटना होने पर कार्यवाही
घटनासल के इन्वेस्टिगेशन से
हत्यारे के गिरफ्तारी से
संस्वीकृति से
यदि संभव हो तो धारा 174 दंड प्रक्रिया संहिता के अंतर्गत इन्वेस्टिगेशन मृत शरीर को स्पर्श करने या हटाने से पूर्व किया जाना चाहिए उत्तर प्रदेश पुलिस विनियम का तदविषियक उपबंध है ह
पैरा 127
128
132
133
कौन सही सुमेलित नहीं है
1) अग्रिम जमानत --- धारा 437 सीआरपीसी
2) अपील की संक्षिप्त खारिजिद---- धारा 384 सीआरपीसी
3) दोष मुक्ति की दशा में अपील ---- धारा 376 सीआरपीसी
4) उच्च न्यायालय को संदर्भ --- धारा 397 सीआरपीसी
1,2 और 4
1,3 और 4
1,2 और 4
2,3 और 4
न्यायिक दंडाधिकारी प्रथम श्रेणी के न्यायालय द्वारा पारित दोष मुक्ति के आदेश के विरुद्ध अपील होगी
मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी के न्यायालय में
सेशन न्यायालय में
उच्च न्यायालय में
उच्चतम न्यायालय में
उद्यापन के अपराध निम्न में से किसके विषय में नहीं किया जा सकता है
चल संपत्ति
स्थावर संपत्ति
मूल्यवान प्रतिभूति
Ye सभी
गलत उत्तर बताइए
किसी अपराध का संज्ञान लेने के लिए परिसीमा काल होगा
6 माह यदि अपराध केवल जुर्माना से दण्डनीय हैं
1 वर्ष यदि अपराध 1 वर्ष से अनधिक की अवधि के लिए करावास से दंडनीय है
3 वर्ष यदि अपराध के 1 वर्ष से अधिक परंतु 3 वर्ष से अनधिक की अवधि के लिए करावास उसे दंड दिए हैं
5 वर्ष यदि अपराध मृत्युदंड से दंडनीय है
निम्न में से दंड प्रक्रिया संहिता का कौन सा प्रावधान अपील से संबंधित नहीं ह
धारा 86
449
450
454
क्या किसी व्यक्ति को जमानत पर छोड़ने के समय मजिस्ट्रेट द्वारा निरूपित कोई शर्त अपास्पत या उपान्तरित किया जा सकता है ? यदि हां तो किसके द्वारा एवं किस प्रावधान के तहत ?
उच्च न्यायालय द्वारा धारा 485 दंड प्रक्रिया संहिता के तहत
उच्च न्यायालय या सेशन न्यायालय द्वारा धारा 439 सीआरपीसी के तहत
सेशन न्यायालय धारा 465 सीआरपीसी के तहत
न्यायालय द्वारा ऐसे शर्ते को अपास्त या उपरांतरित नहीं किया जा सकेगा
दंड प्रक्रिया संहिता की कौन सी धारा यह उपबंध करती है कि सत्र न्यायालय द्वारा पारित मृत्युदंड आदेश को निष्पादित करने से पूर्व उच्च न्यायालय द्वारा पुष्टि आवश्यक है
366
368
369
371
किसी अजमानती अपराध के किए जाने के अभियोग में गिरफ्तारी की आशंका करने वाले व्यक्ति के आवेदन पर उच्च न्यायालय या सेशन न्यायालय धारा 438 दंड दंड प्रक्रिया संहिता के अंतर्गत यह निर्देश दे सकता है कि
उसको आगामी आदेश तक गिरफ्तार ना किया जाए
उसको अभिरक्षा में बिना लिए जमानत पर छोड़ दिया जाए
ऐसी गिरफ्तारी की स्थिति इसमें उसको जमानत पर छोड़ दिया जाए
ऐसे गिरफ्तारी की स्थिति मैं उसको 3 दिन पश्चात जमानत पर छोड़ दिया जाए
सीआरपीसी के अंतर्गत भरण पोषण हेतु अधिकतम धन राशि प्रदान की जाती है
500
1000
5000
कोई निर्धारित धन राशि नहीं
भारतीय दंड संहिता में व्यपहरण कितने प्रकार का है
1
2
3
4
