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अध्याय 6. ऊतक

Authored by Manish Kumar

Science

9th Grade

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अध्याय 6. ऊतक
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1.

MULTIPLE CHOICE QUESTION

30 sec • 1 pt

रक्त के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजियेः

1. रक्त एक संयोजी ऊतक है।

2. लाल रुधिर कोशिकाएँ, श्वेत रक्त कोशिकाएँ तथा प्लेटलेट्स को संयुक्त रूप से प्लाज़्मा कहा जाता है।

3. प्लाज़्मा में प्रोटीन, नमक तथा हार्मोन उपस्थित होते हैं।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?

A

केवल 1 और 2

B

केवल 1 और 3

C

केवल 2

D

1, 2 और 3

A

B

C

D

Answer explanation

Explanation

व्याख्याः

कथन (1) सही है। रक्त एक संयोजी ऊतक है।

रक्त के तरल आधात्री (matrix) भाग को प्लाज़्मा कहते हैं। जिसमें लाल रक्त कोशिकाएँ, श्वेत रक्त कोशिकाएँ तथा प्लेटलेट्स निलंबित (Suspended) होते हैं। अतः कथन (2) गलत है।

प्लाज़्मा में प्रोटीन, नमक तथा हॉर्मोन भी होते हैं। अतः कथन (3) सही है।

रक्त गैसों, शरीर के पचे हुए भोजन, हॉर्मोन और उत्सर्जी पदार्थों का शरीर के एक भाग से दूसरे भाग में संवहन करता है।

2.

MULTIPLE CHOICE QUESTION

30 sec • 1 pt

विभिन्न जंतु ऊतकों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजियेः

1. एपिथीलियमी ऊतक जंतु के शरीर को ढँकने या बाह्य रक्षा प्रदान करने का कार्य करते हैं।

2. संयोजी ऊतक की कोशिकाएँ आपस में जुड़ी रहती हैं।

3. पेशीय ऊतक लम्बी कोशिकाओं का बना होता है।

4. तंत्रिका ऊतक न्यूरॉन का बना होता है।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?

A

केवल 1, 2 और 3

B

केवल 2, 3 और 4

C

केवल 1 और 4

D

1, 2, 3 और 4

A

B

C

D

Answer explanation

Explanation

व्याख्याः उपर्युक्त सभी कथन सही हैं।

जंतु के शरीर को ढँकने या बाह्य रक्षा प्रदान करने वाले ऊतक एपिथीलियमी ऊतक कहलाते हैं। आकृति और कार्य के आधार पर एपिथीलियमी ऊतक को शल्की, घनाकार, स्तम्भाकार, रोमीय तथा ग्रंथिल श्रेणियों में वर्गीकृत किया जाता है।

संयोजी ऊतक की कोशिकाएँ आपस में जुड़ी रहती हैं और अंतरकोशिकीय आधात्री (matrix) में धँसी होती हैं। हमारे शरीर में विद्यमान संयोजी ऊतकों के विभिन्न प्रकार हैं: एरिओलर ऊतक, एडीपोज़ (वसामय) ऊतक, अस्थि, कंडरा, स्नायु, उपास्थि तथा रक्त।

पेशी ऊतक लंबी कोशिकाओें का बना होता है। पेशियों में गति उनमें पाए जाने वाले विशेष प्रकार की प्रोटीन (सिकुड़ने वाली प्रोटीन-Contractile protein) के कारण होती है। पेशीय ऊतक के तीन प्रकार होते हैं- रेखित, अरेखित और कार्डियक (हृदय पेशी)।

तंत्रिका ऊतक न्यूरॉन का बना होता है जो संवेदना को प्राप्त और संचालित करता है। मस्तिष्क, मेरुरज्जु तथा तंत्रिकाएँ (Nerves) सभी तंत्रिका ऊतकों की बनी होती हैं।

तंत्रिका तथा पेशीय ऊतकों का कार्यात्मक संयोजन प्रायः सभी जीवों में मौलिक है। साथ ही, यह संयोजन उत्तेजना के अनुसार जंतुओं को तेज़ गति प्रदान करता है।

3.

MULTIPLE CHOICE QUESTION

30 sec • 1 pt

निम्नलिखित पर विचार कीजियेः

1. एपिथीलियमी ऊतक

2. पेशी ऊतक

3. संयोजी ऊतक

4. तंत्रिका ऊतक

उपर्युक्त ऊतकों में से कौन-से जंतु ऊतकों के प्रकार हैं?

A

केवल 1 और 2

B

केवल 1, 2 और 3

C

केवल 2 और 4

D

1, 2, 3 और 4

A

B

C

D

Answer explanation

Explanation

व्याख्याः उपर्युक्त सभी जंतु ऊतकों के प्रकार हैं।

4.

MULTIPLE CHOICE QUESTION

30 sec • 1 pt

ज़ाइलम और फ्लोयम के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजियेः

1. ज़ाइलम पानी और खनिज लवण का संवहन करते हैं।

2. फ्लोयम पत्तियों से भोजन को पौधों के विभिन्न भागों तक पहुँचाता है।

3. ज़ाइलम, फ्लोयम के विपरीत पदार्थों को कोशिकाओं में दोनों दिशाओं में गति करा सकते हैं।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही नहीं है/हैं?

A

केवल 1 और 2

B

केवल 2 और 3

C

केवल 3

D

केवल 1 और 3

A

B

C

D

Answer explanation

Explanation

व्याख्याः

ज़ाइलम तथा फ्लोएम जटिल स्थायी ऊतक हैं। ये मिलकर संवहन बंडल (vascular bundle) का निर्माण करते हैं।

ज़ाइलम ट्रैकीड् (Tracheids), वाहिका (Vessels), ज़ाइलम पैरेन्काइमा और ज़ाइलम फाइबर (रेशे) से मिलकर बना होता है। इन कोशिकाओं की भित्ति मोटी तथा अधिकतर कोशिकाएँ मृत होती हैं। ज़ाइलम में ट्रैकिड् और वाहिकाओं के कारण पानी और खनिज लवण का उर्ध्वाधर संवहन होता है। पैरेन्काइमा भोजन संग्रहण करता है और यह किनारे की ओर पानी के पार्श्वीय संवहन में मदद करता है। फाइबर मुख्यतः सहारा देने का कार्य करते हैं। अतः कथन (1) सही है।

फ्लोएम चार प्रकार के अवयवों: चालनी नालिका (Sieve tubes), साथी कोशिकाएँ (Companion Cells), फ्लोएम पैरेन्काइमा तथा फ्लोएम फाइबर से मिलकर बना होता है। फ्लोएम पत्तियों से भोजन को पौधे के विभिन्न भागों तक पहुँचाता है। फ्लोएम फाइबर को छोड़कर, फ्लोएम कोशिकाएँ जीवित कोशिकाएँ हैं। अतः कथन (2) भी सही है।

फ्लोयम, ज़ाइलम के विपरीत, पदार्थों को कोशिकाओं में दोनों दिशाओं में गति करा सकते हैं। अतः कथन (3) गलत है।

5.

MULTIPLE CHOICE QUESTION

30 sec • 1 pt

पौधों और वृक्षों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजियेः

1. जड़ों की एपीडर्मल कोशिकाएँ पानी को सोखने का कार्य करती हैं।

2. वृक्षों की छाल हवा एवं पानी के लिये अभेद्य (Impervious) होती है।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

A

केवल 1

B

केवल 2

C

1 और 2 दोनों

D

न तो 1 और न ही 2

A

B

C

D

Answer explanation

Explanation

व्याख्याः उपर्युक्त दोनों कथन सही हैं।

जड़ों की एपीडर्मल कोशिकाएँ पानी को सोखने का कार्य करती हैं। साधारणतः उनमें बाल जैसे प्रवर्ध होते हैं, जिससे जड़ों की कुल अवशोषक सतह बढ़ जाती है तथा उनकी पानी सोखने की क्षमता में वृद्धि होती है।

जैसे-जैसे वृक्ष की आयु बढ़ती है, उसके बाह्य सुरक्षात्मक ऊतकों में कुछ परिवर्तन होता है। एक दूसरे विभज्योतक की पट्टी तने के एपीडर्मिस का स्थान ले लेती है। बाहरी सतह की कोशिकाएँ इस सतह से अलग हो जाती हैं। ये पौधों पर बहुत परतों वाली मोटी छाल का निर्माण करती हैं। इन छालों की कोशिकाएँ मृत होती हैं, ये बिना अंतः कोशिकीय स्थानों के व्यस्थित होती हैं। इनकी भित्ति पर सुबेरिन (Suberin) नामक रसायन होता है जो इन छालों को हवा एवं पानी के लिये अभेद्य बनाता है।

6.

MULTIPLE CHOICE QUESTION

30 sec • 1 pt

निम्नलिखित विशेषताओं पर विचार कीजियेः

1. ये पौधों की बाह्य सतह पर प्रायः एक मोम जैसी जल प्रतिरोधी परत बनाती है।

2. यह पौधों की सबसे बाहरी परत है।

3. यह पौधों के सभी भागों की रक्षा करती है।

उपर्युक्त विशेषताएँ निम्नलिखित में से किस कोशिका समूह की हैं?

A

स्क्लेरेन्काइमा

B

एपीडर्मिस

C

पैरेन्काइमा

D

इनमें से किसी की नहीं।

A

B

C

D

Answer explanation

Explanation

व्याख्याः

एपीडर्मिस पौधों की सबसे बाहरी परत है, जिससे पौधे की पूरी सतह ढँकी होती है।

यह पौधों के सभी भागों की रक्षा करती है। मरुस्थलीय या शुष्क स्थानों पर मिलने वाले पौधों में ये मोटी हो सकती हैं।

यह कोशिका पौधों के बाह्य स्तर पर प्रायः एक मोम जैसी जल प्रतिरोधी परत बनाती है। यह मोम जैसी परत क्यूटिन (एक जल अवरोधक रासायनिक पदार्थ) का लेप होता है। यह जलहानि, यांत्रिक आघात तथा परजीवी कवक के प्रवेश से पौधों की रक्षा भी करती है।

7.

MULTIPLE CHOICE QUESTION

30 sec • 1 pt

स्टोमेटा के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजियेः

1. ये रक्षी कोशिकाओं से घिरे होते हैं।

2. ये वायुमंडल से गैसों का आदान-प्रदान करते हैं, परंतु वाष्पोत्सर्जन की क्रिया में भाग नहीं लेते हैं।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

A

केवल 1

B

केवल 2

C

1 और 2 दोनों

D

न तो 1 और न ही 2

A

B

C

D

Answer explanation

Explanation

व्याख्याः

स्टोमेटा सामान्यतः पौधों की एपीडर्मिस में उपस्थित होते हैं। इन्हें दो वृक्क (Kidney) के आकार की कोशिकाएँ घेरे रहती हैं, जिन्हें रक्षी कोशिकाएँ कहते हैं। अतः कथन (1) सही है।

ये कोशिकाएँ वायुमंडल से गैसों का आदान-प्रदान करने के लिये आवश्यक हैं। वाष्पोत्सर्जन की क्रिया भी स्टोमेटा के द्वारा होती है। अतः कथन (2) गलत है। ये भित्तियाँ प्रायः इतनी मोटी होती हैं कि कोशिका के भीतर कोई आंतरिक स्थान नहीं होता है।

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