WorksheetsILA MODULE PRE POST-TEST 19-20-21
Total questions: 22
Worksheet time: 11mins
माता म्रत्यु के मुख्य कारण क्या है ?
हेपिटाइटीस बी, मलेरिया
डाईबेटीस, डेंगू
पी.पी.एच., पी.आई.एच., इन्फेक्शन, असुरकक्षित गर्भपात, बाधित प्रसव
एनीमिया, पीलिया, सड़क दुर्घटना
पी.पी.एच. कब होता है
प्रसव पश्चात
गर्भावस्था की पहली तिमाही में
गर्भावस्था की दूसरी तिमाही में
प्रसव के दो माह बाद
क्या हम यह पहले से पता लगा सकते है की किस महिला को पी.पी.एच., या पी.आई.एच. होगा ?
हाँ
नही
प्रसव पूर्व तैयारी कराना क्यों जरूरी है ?
प्रसव के दौरान और पश्रचात आने वाली जटिलताओ के लिए तैयार रहने के लिए
तैयारी की कोई जरूरत नही है
क्यूकि यह हमारी परमपरा है
पता नही
प्रसव पूर्व तैयारी कराना क्यों जरूरी है ?
प्रसव के दौरान और पश्रचात आने वाली जटिलताओ के लिए तैयार रहने के लिए
तैयारी की कोई जरूरत नही है
क्यूकि यह हमारी परमपरा है
पता नही
असपताल में प्रसव कराने के लिए क्या तैयारी करनी चाहिए
सही असपताल का चुनाव, और वाहन की व्यवस्था
माँ और बच्चे के लिए साफ़ कपड़ा, पर्याप्त पैसा/धन और जरूरी कागजात
साथ में जाने के लिए लोग और पीछे से घर का ध्यान रखने के लिए लोग
सभी तैयारी जरूरी है
घर में प्रसव कराने के लिए क्या तैयारी करनी चाहिए ?
नया ब्लेड, साफ़ धागा, माता और बच्चे के लिए साफ़ कपड़ा
हाथ धोने के लिए साबुन, और बिछाने के लिए साफ़ चादर और प्लास्टिक
प्रसव कराने के लिए साफ़ जगह, कुशल जन्म परिचारिका और मदद के लिए महिला
सभी तैयारी जरूरी है
प्रसव कि तैयारी शुरू करने का सही समय क्या है ?
गर्भ के सातवे माह से तैयारी शुरू कर देनी चाहिए
गर्भ का पता लगते ही तैयारी शुरू कर देनी चाहिए
गर्भ के नवे माह में तैयारी शुरू कर देनी चाहिए
कभी भी कर सकते है
क्या हर गर्भवती महिला के परिवार को घर और असपताल में प्रसव, दोनों ही के लिए तैयारी करनी चाहिए
हाँ, क्युकि हमे हर परिस्थिती के लिए तैयार रहना चाहिए
नही, क्युकि इसकी जरूरत नही
गृह भेंट रजिस्टर के किस कालम में हम 7 से 9 माह की गर्भवती महिलाओं का पता लगा सकते है
4
3
5
6
तीसरी तिमाही वाली गर्भवती महिला के यहाँ कम से कम कितनी गृह भेंट जरूरी है ?
4
1
2
3
जन्म के बाद नाल काटने से पहले नवजात शिशू को कहां रखना चाहिए ?
जन्म के तुरंत बाद गर्भनाल काटने से पहले शिशु को माँ के सीने या पेट पर लेटाना चाहिए
नवजात शिशु को नहलाना चाहिए
नवजात शिशु को अच्छे से पोछ कर नहलाना चाहिए
तुरंत नाल काट देनी चाहिए
नवजात शिशु को जन्म के तुरंत बाद माँ के सीने पर रखने से क्या होता है ?
शिशु सो जाता है
शिशु को जरूरी गर्माहट मिलती है
शिशु शांत रहता है
कुछ नही होता
गर्भनाल काटने के बाद बचे हुए हिस्से पर क्या लगाना चाहिए ?
हल्दी
शहद
गौ मुत्र
कुछ नही
जन्म के बाद शिशु को कब से स्तनपान शुरू कराना चाहिए ?
प्रसव के बाद दो से तिन घंटे के अंदर
असपताल छोड़ने से पहले
प्रसव के बाद जल्द से जल्द, पहले घंटे के अंदर, प्रसव कक्ष छोड़ने से पहले
असपताल छोड़ने के बाद घर पहुच कर
प्रसव के बाद महिला जल्द से जल्द कब पुन: गर्भधारण कर सकती है ?
प्रसव के बाद महिला जब तक बच्चे को उपरी आहार देना शुरू करती है तो वह पुन: गर्भधारण कर सकती है
प्रसव के बाद महिला 6 माह बाद पुन: गर्भधारण कर सकती है
प्रसव के बाद महिला डेढ़ हफ्ते या 10 दिन बाद पुन: गर्भधारण कर सकती है
प्रसव के बाद महिला 6 हफ्ते या डेढ़ माह बाद पुन: गर्भधारण कर सकती है
एक महिला के अण्डाशय से अण्डा निकलने के बाद अगर निशेचन नही होता है तो कितने दिनों में महावारी आ सकती है ?
14
16
18
12
बच्चो मे जन्म के बाद आयरन की कमी कब से होने कि संभावना होती है ?
जन्म के तुरंत बाद से
जन्म के एक साल के बाद
जन्म के 5 से 6 माह के बाद
आयरन की कमी कभी नहीं होती
क्या माँ के दूध मे बच्चे को आयरन मिलता है ?
हाँ
नहीं
किशोरियों मे अनीमिया कैसे होता है ?
बच्चपन से चली आ रही खून कि कमी कि वजह से
13 साल के आसपास महावारी शुरू होने कि वजह से
बार बार बीमार होने या किसी गंभीर बीमारी का होना या पेट मे खून चूसने वाले कीड़ो का होना
उपरोक्त सभी
बच्चो मे एनीमिया कि रोकथाम के लिए सरकारी कार्यक्रम मे क्या प्रावधान है ?
6 माह से 5 साल तक के बच्चो के लिए हफ्ते मे दो बार 1 एमएल आयरन सिरप दिया जाता है
6 माह से 5 साल तक के बच्चो के लिए बच्चो को हरी सबजियाँ दी जाती है
6 माह से 5 साल तक के बच्चो के लिए डबल राशन दिया जाता है
कुछ प्रावधान नहीं हैं
किशोरियों मे एनीमिया कम करने के लिए सरकार के कार्यक्रम मे क्या प्रावधान है
कपड़े दिए जाते है
5 से 10 और 11 से 19 साल कि किशोरियों के लिए स्कूल और आँगन्वाड़ी मे हफ्ते मे एक आयरन कि गोली दी जाती है
कुछ नही दिया जाता है
प्रोतसाहन राशी दी जाती है
