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Worksheetsमासिक परीक्षा ( जुलाई) 2020-21
Total questions: 20
Worksheet time: 12mins
'वह पुस्तक खरीदने बाज़ार गया।' कौन सा वाक्य है-
साधारण वाक्य
मिश्र वाक्य
संयुक्त वाक्य
इनमें से कोई नहीं
'वह परिश्रमी था इसलिए वह सफल हुआ।' कौन सा वाक्य है-
सरल वाक्य
संयुक्त वाक्य
मिश्र वाक्य
'मुझसे चला नहीं जाता।' में कौन सा वाच्य है-
कर्मवाच्य
कर्तृवाच्य
भाववाच्य
निम्नलिखित में कौन सा कर्मवाच्य का उदाहरण है-
माली के द्वारा फूल तोड़ा गया।
सुधांशु किताब पढ़ता है।
पक्षी आकाश में उड़ते हैं।
चलिए, कुछ खेला जाए।
रचना के आधार पर वाक्य के कितने भेद हैं-
2
3
6
8
शब्द किसे कहते हैं-
वर्णों के मेल को
वर्णों के समूह को
वर्णों के सार्थक समूह को
'छोटी लड़की तेज़ दौड़ रही है।' वाक्य में 'लड़की' का पद-परिचय क्या नहीं होगा-
व्यक्तिवाचक संज्ञा
स्त्रीलिंग
एकवचन
कर्त्ता कारक
'कल मैंने लालकिला देखा।' इस वाक्य में 'लालकिला' का पद-परिचय कौन नहीं है-
व्यक्तिवाचक संज्ञा
बहुवचन
पुल्लिंग
कर्म कारक
कर्तृवाच्य में किसकी प्रधानता होती है-
कर्त्ता की
कर्म की
भाव की
इनमें से कोई नहीं
भाव की प्रधानता किसमें होती है-
कर्म वाच्य
कर्तृवाच्य
भाववाच्य
इनमें से कोई नहीं
'उसने हालदार का प्रश्न सुना और वह हँस पड़ा।' यह कौन सा वाक्य है-
साधारण वाक्य
संयुक्त वाक्य
मिश्र वाक्य
अर्थ की दृष्टि से वाक्य के कितने भेद हैं-
3
6
8
9
योजक शब्दों(और, या, तथा, परंतु, अथवा, इसलिए, अतः इत्यादि) का प्रयोग कौन से वाक्य में होता है-
सरल वाक्य
संयुक्त वाक्य
मिश्र वाक्य
'राम-लक्ष्मण-परशुराम संवाद' पाठ 'रामचरितमानस' के किस कांड से लिया गया है-
बालकांड
अयोध्याकांड
किष्किंधाकांड
लंकाकांड
राम ने जिस धनुष को तोड़ा था, वह किसका था-
ब्रह्मा
विष्णु
शिव
इंद्र
'भुजबल भूमि भूप बिनु किन्ही' में कौन सा अलंकार है-
यमक
श्लेष
उत्प्रेक्षा
अनुप्रास
'हमारे हरि हारिल की लकरी' में कौन सा अलंकार है-
अनुप्रास
यमक
उपमा
अतिश्योक्ति
'बड़भागी' किसे कहा गया है-
कृष्ण को
गोपियों को
उद्धव को
ब्रजवासियों को
बालगोबिन भगत की कबीर पर श्रद्धा कौन से रूप में प्रकट नहीं हुई है-
भगत कबीर को अपना साहब मानते थे।
भगत कबीर के गीतों को गाते थे।
भगत कबीर की तरह सामाजिक बुराइयों का विरोध करते थे।
भगत बात-बात पर झगड़ा करने लगते थे।
फ़ादर कामिल बुल्के के विषय में कौन सा कथन असत्य है-
वे भारत को अपना देश मानते थे।
वे एक बार जिससे रिश्ता जोड़ लेते थे, उसे तोड़ते नहीं थे।
फ़ादर की उपस्थिति लोगों को देवदार की छाया जैसी लगती थी।
फ़ादर हिंदी के विरोधी थे।
