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Worksheetsदोहावली
Total questions: 10
Worksheet time: 5mins
दोहों का सबसे पहले प्रयोग करने वाले सिद्ध कवि कौन थे ?
सरहप्पा
सरोहापा
सरहप
सरहपा
भक्तियुग की प्रबन्ध काव्यशैली में तुलसीदास जी और जायसी जी का क्या प्रमुख है?
रामायण और पद्मावती
'रामचरितमानस' और 'पद्मावत'
पदमावट व रामायण
रामचरितमनस व रामयन
कबीर दास जी के गुरु जी का नाम था -
स्वामी रामदास जी
स्वामी दयानंद जी
स्वामी रामानन्द जी
स्वामी स्वरूपानन्द जी
चंदबरदाई जी की रचना का नाम बताइए -
पद्मावती
पृथ्वीरसो
मल्लोल
अनवर
आईने-ए-सिकन्दरी - किस कवि की रचना है ?
चंदबरदाई
अमीर खुसरो
सरहपा
अकबर
कनक कनक ते सौ गुणी,मादकता अघिकाय
एक खाए बौराय,एक पाए बौराय! - यह किसका दोहा है ?
कबीर दास जी
रैदास जी
बिहारी जी का
रहीम जी
कवि नागार्जुनजी द्वारा रचित रचना चुनिए -
मच्छर अपने गाँव में, खटमल अपनी खाट
कंगाली है जेब में, फिर भी अपने ठाट
जिस घर में होता नहीं ,नारी का सम्मान।
देवी पूजन व्यर्थ है, व्यर्थ वहाँ सब दान।।
ऐसा कुछ मत कीजिए जिससे बढे तनाव
सबको अपना मानकर फैलाएँ सद्भाव
छीन सके तो छीन ले, लूट सके तो लूट।
मिल सकती कैसे भला अन्न चोर को छूट।
विज्ञान और खगोल शास्त्र में दोहों का समावेश किसने किया है ?
नागार्जुन
चंदबरदाई
तुलसीदासजी
कबीर दास जी
अंध विश्वास और बाह्याडंबर संबंधित यह दोहा है ।
अति का भला न बोलना, अति की भली न चूप,
अति का भला न बरसना, अति की भली न धूप।
"माला फेरत जुग गया, गया न मनका फेर।
करका मनका डारि दे, मन का मनका फेर॥"
हिंदू मैं हूं ना ही मुसलमान भी नाही
पंचतत्व को पुतला गैबी खेले माही
कर्म भाग्य दोनों बड़े, इससे बढ़कर कौन
कर्म लगन से कीजिए, भाग्य रहे ना मौन
दोहों के प्रभाव का समसामयिक महत्त्व है -
समाज कल्याण
चरित्र निर्माण
राष्ट्र निर्माण
सभी
