Font size
Worksheetsभगवान के डाकिए
Total questions: 20
Worksheet time: 10mins
भगवान के डाकिए कौन है ?
मनुष्य
पक्षी और बादल
महादेश
चिट्ठियां
एक देश की धरती दूसरे देश को क्या भेजती है ?
उपहार
संदेश
चिट्ठी
सुगंध
भगवान के संदेशों को पढ़ पाने में कौन समर्थ नहीं है ?
नदी
पक्षी
बादल
मनुष्य
भगवान के डाकिए कविता के रचयिता कौन है ?
रामधारी सिंह दिनकर
जया जादवानी
शिवमंगल सिंह सुमन
हजारी प्रसाद द्विवेदी
पक्षी और बादल द्वारा लाई गई चिट्ठियों को कौन-कौन पढ़ पाते हैं ?
डाकिए
बादल
मनुष्य
पेड़ पौधे पानी और पहाड़
पहाड़ शब्द का पर्यायवाची है
पर्वत
धरा
नदी
पेड़
सुगंध शब्द का विलोम है ?
खुशबू
दुर्गंध
महक
सौरभ
एक देश का भाप दूसरे देश पर क्या बनकर गिरता है ?
बर्फ़
पानी
ओस
बिजली
प्रस्तुत कविता के माध्यम से कवि ने क्या संदेश दिया है ?
प्रेम एकता एवं भाईचारे का संदेश
सीमाओं में बंधे रहना
स्वार्थ की भावना बढ़ावा को देना
अपने हितों की पूर्ति करना
हवा में क्या तैरते हैं ?
पक्षी
धूल
फूल
सौरभ
पक्षी और बादल को भगवान के डाकिए क्यों बताया है?
क्योंकि वे एक महादेश से दूसरे महादेश जाते हैं
क्योंकि वे पेड़ पौधे के लिए चिट्ठी लाते हैं
क्योंकि वे इधर-उधर घूमते हैं
क्योंकि वे भगवान का संदेश लेकर आते हैं
आँकने का क्या अर्थ है
देखना
नापना तोलना
आँखें दिखाना
तराजू लाना
भगवान के द्वारा भेजा गया संदेश हम क्यों नहीं समझ पाते
क्योंकि हम प्रकृति के साथ रहते हैं
क्योंकि हम प्रकृति से दूर हो गए हैं
क्योंकि हम पक्षी और बादल को डाकिया नहीं मानते हैं
क्योंकि हम पेड़ पौधे पानी और पहाड़ नहीं है।
बाँचना का क्या अर्थ है
पढ़ना
बढ़ाना
बचना
बचाना
भगवान के डाकियों द्वारा लाई गई चिट्ठियों में क्या संदेश छिपा हो सकता है?
प्रेम
समानता
एकता का संदेश
ये सभी।
एक देश की धरती दूसरे देश को सुगंध कैसे भेजती है?
पक्षियों के पंखों के माध्यम से
बहते हुए पानी के माध्यम से
बादलों के माध्यम से
पता नहीं कैसे
एक देश की धरती दूसरे देश को सुगंध भेजती है। इसका मतलब होगा
प्रकृति किसी प्रकार का भेदभाव नहीं करती
प्रकृति प्रेम प्यार एकता का संदेश सभी देशों को भिजवाती है
एक देश अपने प्रेम प्यार के संदेश को पक्षियों के पंखों के माध्यम से दूसरे देश को भेजता है
ये सभी
महादेश का अर्थ होगा?
विशाल देश
महाद्वीप
बड़ा देश
ये सब
डाकिए का पर्यायवाची हो सकता है ?
भारवाहक
संदेशवाहक
जनवाहक
सामानवाहक
धरती का पर्यायवाची होगा
बादल
भूमि
पानी
सौरभ
