Worksheetsकषाय पाठ 3 भाग 1 २७०६२१
Total questions: 18
Worksheet time: 9mins
कषाय किसे कहते है ?
जो आत्मा को कसती है, दुःख देती है उन्हें कषाय कहते है
जो आत्मा को कसती है, दुःख नही देती है उन्हें कषाय कहते है
जो आत्मा को दुःख देकर सुखी करती है उन्हें कषाय कहते है
जो अआत्मा को सच्चा सुख उत्त्पन करती है उन्हें कषाय कहते है
कषाय के कारण हमे प्राप्ति होती है ?
संसार की
देव गति की
नर्क की
उपरोक्त सभी
राग द्वेष विकारी भावो और विभावो को क्या कहते है ?
कषाय
संयम
व्रत
उपवास
कषाय कितनी होती है ?
4
27
28
26
कषाय के कितने भेद होते है ?
क्रोध मान
क्रोध माया
क्रोध मान लोभ
क्रोध मान मान माया लोभ
कषाय को विभाव क्यों कहा जाता है ?
आत्मा का विपरीत परीणमन होने से
आत्मा का विपरीत परीणमन नही होने से
आत्मा का स्वभाव रूप परीणमन होने से
इनमे से कोई नही
मिथ्यात्व और राग द्वेषादी कषाये स्वभाव से विपरीत होने के कारण क्या कहलाती है ?
विभाव
स्वभाव
विभाव भी और स्वभाव भी
उपरोक्त सभी
किसी पदार्थ को अच्छा, इष्ट, हितकारी, अनुकूल, समझकर मानकर, उसे प्राप्त करने की, अपनाने की, इच्छा राग कहलाती है | - यह वाक्य
उक्त वाक्य सही है
उक्त वाक्य गलत है
उक्त वाक्य गलत भी है और सही भी
कुछ समझ नही आ रहा है
प्रद्युम्न कुमार और भानुकुमार किसके पुत्र थे ?
कृष्ण
राम
लक्ष्मण
नेमिनाथ
चरम शरीरी का अर्थ होता है ?
उसी भव से मोक्ष जाने वाले
अगले भव से मोक्ष जाने वाले
चार भव बाब मोक्ष जाने वाले
कभी भी मोक्ष नही जाने वाले
तीसरी ढाल के दुसरे छंद की प्रथम तीन लाइनों में किसकी चर्चा है ?
रत्न त्रय
मिथ्या दर्शन
तीसरे नरक की
इनमे से कोई नही
कोनसे मुनिराज के माथे पर सिगड़ी जलाई थी ?
गजसुकुमार
राजकुमार
गजेन्द्र कुमार
गजराज मुनिराज
तीनो लोको में कितने जीव है ?
अनंत
असंख्यात
संख्यात
बहुत सारे है
इनमे से कोन से जीव में सम्यक दर्शन ले सकने की पात्रता है ?
छिपकली
भंवरा
लट
चींटी
में सुखी दुखी में रंक राव मेरे धन गृह गोधन प्रभाव कोनसी ढाल का कोनसा छंद है ?
पहली ढाल चौथा छंद
दूसरी ढाल चौथा छंद
तीसरी ढाल चौथा छंद
इनमे से कोई नही
अशुभ भाव को बुरा और शुभ भाव को अच्छा मानना - यह कौनसे तत्त्व सम्बन्धी भूल है ?
आस्रव तत्त्व
जीव तत्त्व
अजीव तत्त्व
बंध तत्त्व
अशुभ कर्मोदय से हुई घटना में बुरा मानना - यह कौनसे तत्त्व सम्बन्धी भूल है ?
बंध तत्त्व
आस्रव तत्त्व
अजीव तत्त्व
संवर तत्त्व
मोक्ष में सब शुन्य हो जाता है - यह कौनसे तत्त्व सम्बन्धी भूल है ?
निर्जरा तत्त्व
आस्रव तत्त्व
मोक्ष तत्त्व
जीव तत्त्व
